टनकपुर। चंपावत के टनकपुर से एक ऐसा चिंताजनक मामला सामने आया है, जिसने दुकानों पर काम करने वाली महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। दरअसल, यहां एक समुदाय विशेष के व्यक्ति पर दो महिलाओं के साथ शोषण, जबरन दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग जैसे संगीन आरोप लगे हैं। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की जांच जारी है। जानकारी के अनुसार आरोपी समसुल हसन उर्फ शहंशाह, जो टनकपुर के वार्ड नंबर 2 स्थित मस्जिद कॉलोनी का निवासी है, अपनी जूते-चप्पल की दुकान में काम करने वाली दो महिलाओं का लंबे समय से शोषण कर रहा था। पीड़िताओं ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने अपनी मजदूरी की मांग की, तो आरोपी ने उन्हें डराया-धमकाया और दुकान के अंदर जबरन उनके साथ दुष्कर्म किया। आरोप है कि समसुल हसन ने इस दौरान अश्लील वीडियो भी बना लिए और उन्हें ब्लैकमेल करने लगा। पीड़िताओं को धमकी दी गई कि यदि उन्होंने इस बारे में किसी को बताया, तो वीडियो उनके परिजनों को भेज दिए जाएंगे, जिससे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचेगा। इसी डर और दबाव के चलते पीड़िताएं लंबे समय तक चुप रहने को मजबूर रहीं।
घटना का खुलासा तब हुआ जब दोनों महिलाओं ने साहस जुटाकर 20 अप्रैल 2026 को कोतवाली टनकपुर में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलते ही पुलिस ने तत्काल संज्ञान लेते हुए भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया और जांच शुरू कर दी। पुलिस अधीक्षक चंपावत के निर्देश पर महिला उपनिरीक्षक को मामले की जांच सौंपी गई। जांच के दौरान साक्ष्य एकत्र कर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसे न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार आरोपी समसुल हसन उर्फ शहंशाह का आचरण पहले से ही संदिग्ध रहा है और उस पर पूर्व में भी महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार के आरोप लगते रहे हैं। हालांकि उस समय कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी थी। यह घटना समाज के लिए गंभीर चेतावनी है, जहां आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं का शोषण किया जा रहा है। हांलाकि पुलिस प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पीड़िताओं को न्याय दिलाने के लिए सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह मामला न केवल कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करना कितनी बड़ी चुनौती बना हुआ है।

